जब अधिकांश शहर गहरी नींद में होता है, तब मेरठ पुलिस कांवड़ यात्रा-2026 को सुरक्षित और सुचारु बनाए रखने के लिए पूरी मुस्तैदी के साथ सड़कों पर डटी रहती है। रात के दो बजे भी कांवड़ मार्गों पर पुलिसकर्मी लगातार गश्त करते हुए श्रद्धालुओं की सुरक्षा, यातायात व्यवस्था और आवश्यक सहायता सुनिश्चित कर रहे हैं। अपर पुलिस महानिदेशक (एडीजी) भानु भास्कर के नेतृत्व में मेरठ जोन में कांवड़ यात्रा के दौरान चौबीसों घंटे सक्रिय पुलिसिंग का मॉडल लागू किया गया है, ताकि शिवभक्त बिना किसी बाधा के अपनी यात्रा पूरी कर सकें। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कांवड़ यात्रा को देखते हुए व्यापक सुरक्षा और यातायात प्रबंधन लागू किया गया है।
अंधेरी रात में भी सुरक्षा का मजबूत पहरा
कांवड़ मार्गों पर रात के समय पुलिस की सक्रियता और बढ़ा दी गई है। प्रमुख चौराहों, संवेदनशील स्थलों, शिविरों और विश्राम स्थलों पर पुलिसकर्मी लगातार तैनात हैं। मोबाइल पेट्रोलिंग, पैदल गश्त और क्विक रिस्पॉन्स टीमों के माध्यम से हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तत्काल कार्रवाई की जा सके।

सेवा ही सबसे बड़ी प्राथमिकता
मेरठ पुलिस की ड्यूटी केवल कानून-व्यवस्था बनाए रखने तक सीमित नहीं है। रात के समय यात्रा कर रहे कांवड़ियों को मार्गदर्शन देना, थके या अस्वस्थ श्रद्धालुओं को प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराना, आवश्यकता पड़ने पर एंबुलेंस बुलाना तथा अस्पताल तक पहुंचाने में सहयोग करना भी पुलिस की प्राथमिक जिम्मेदारियों में शामिल है। पुलिसकर्मियों को श्रद्धालुओं के साथ विनम्र और सेवा-भाव से व्यवहार करने के निर्देश दिए गए हैं। इसी प्रकार के निर्देश उत्तर प्रदेश के अन्य जिलों में भी पुलिस बल को दिए गए हैं।
हाई-टेक निगरानी से 24×7 सुरक्षा
रात्रि के समय भी मेरठ पुलिस का कंट्रोल रूम पूरी तरह सक्रिय रहता है। ड्रोन, सीसीटीवी कैमरों और डिजिटल मॉनिटरिंग सिस्टम के माध्यम से कांवड़ मार्गों की लाइव निगरानी की जाती है। किसी भी संदिग्ध गतिविधि या आपात सूचना पर निकटतम पुलिस टीम को तुरंत अलर्ट भेजा जाता है, जिससे प्रतिक्रिया समय न्यूनतम रहे।
यातायात और श्रद्धालुओं की सुविधा पर विशेष ध्यान
रात में भी कांवड़ियों की संख्या अधिक होने के कारण यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए पुलिस लगातार कार्य कर रही है। आवश्यक स्थानों पर डायवर्जन लागू किए गए हैं और पुलिसकर्मी भारी वाहनों एवं सामान्य यातायात को नियंत्रित कर श्रद्धालुओं के लिए सुरक्षित मार्ग सुनिश्चित कर रहे हैं। कांवड़ यात्रा के दौरान मेरठ और आसपास के क्षेत्रों में विशेष यातायात प्रबंधन लागू किया गया है।
भरोसे का दूसरा नाम बनी मेरठ पुलिस
कांवड़ यात्रा-2026 के दौरान मेरठ पुलिस की चौबीसों घंटे सक्रिय मौजूदगी यह संदेश देती है कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सेवा सर्वोच्च प्राथमिकता है। चाहे दिन हो या रात के दो बजे, पुलिस बल पूरी तत्परता के साथ मैदान में मौजूद है।











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